बेरोजगारों को भर्ती कर रहा है दाऊद, टारगेट पर हैं रेलवे ट्रैक !




नई दिल्ली: अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम अब बेरोजगारों को अपने ग्रुप में भर्ती कर रहा है। इसबार डॉन के निशाने पर भारत के रेलवे ट्रैक हैं। बेरोजगार युवकों को पैसे देकर उनसे रेलवे ट्रैक उड़ाने के लिए कहा जा रहा है। खुफिया एजेंसियों को इस बात का पता चला है। खुफिया सूत्रों के मुताबिक हाल के दिनों में हुई गिरफ्तारियों से इस बात का खुलासा हुआ है।

महाराष्ट्र एटीएस ने जब बसंत कुमार नाम के युवक से पूछताछ की तो उसने बताया शम्शुल होदा कानपुर जैसे ट्रेन हादसों के लिए फंडिंग और सुविधा मुहैया करवा रहा है। सूत्रों के मुताबिक महाराष्ट्र एटीएस को उसने पूछताछ में बताया कि बिहार और उत्तर प्रदेश में युवाओं को इस तरह के काम के लिए पैसे दिये जा रहे हैं।

युवक का नाम बसंत कुमार है। उसे भी 70 हजार रुपये देने की बात कही गई थी। बसंत समेत 10 लोगों को रेलवे ट्रैक उड़ाने के तरीकों के बारे में जानकारी दी गई थी। बसंत ने बताया था कि इसके बाद वो खुद अपराध बोध से ग्रसित हो गया था। जिसके बाद वो अपने मामा के पास जोगेश्वरी आया था। फिर उसने इसकी जानकारी रेलवे पुलिस को दी और इस मामले को महाराष्ट्र एटीएस के पास ट्रांसफर कर दिया गया।

भारत में युवाओं की भर्ती और रेलवे ट्रैक उड़ाने के पीछे शम्शुल होदा का नाम मास्टरमाइंड के तौर पर लिया जा रहा है। शम्शुल दाऊद का करीबी बताया जा रहा है। ये दाऊद के हवाला कारोबार को देखता है और आईएसआई को फंडिंग भी करता है। बताया जा रहा है कि कानपुर जैसे हादसे को अंजाम देने के लिए हवाले के पैसे का इस्तेमाल किया जा रहा है।

सूत्रों के मुताबिक रेलवे की रिपोर्ट में दुबई-नेपाल-इंडिया नेटवर्क का भई जिक्र है। कानपुर में रेलवे ट्रैक उड़ाने की साजिश के लिए शम्शुल ने हवाले के जरिये इसी रूट से पैसे भेजे। नेपाल में आलम नाम के शख्स को ये रकम मिली और उसने स्लीपर सेल के जरिये पैसे मोतिहारी और गोरखपुर में भेजे। रिपोर्ट में ये भी जिक्र है कि शम्शुल ने कुल 30 लाख की रकम अलग अलग किश्तों में भेजी। नेपाल में हादी साब ने के शख्स ने इस रकम को नई करेंसी में बदल दी।

इनलोगों का अगला टारगेट इलाहाबाद-वाराणसी के बीच चलनेवाली महानगरी एक्सप्रेस थी। जिसे 26 जनवरी को करीब डिरेल किया जाना था। इसके लिए 10 लोगों को ट्रेनिंग भी दी जा चुकी है।

बिहार पुलिस ने मंगलवार को तीन आरोपियों को बिहार में नेपाल बॉर्डर से गिरफ्तार किया था। बिहार पुलिस ने इनसे पूछताछ के बाद दावा किये कि 20 नवंबर को कानपुर के पास पुखराया के पास हुए ट्रेन हादसे को आईएसआई ने इनकी मदद से अंजाम दिया। इनसे पूछताछ में पता चला कि कानपुर रेल हादसे का मास्टरमाइंड दुबई में बैठा शम्शुल होदा है। शम्शुल ने ही इसके लिए फंडिंग की। और वो पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई को भी फंडिंग करता है।

Loading...