सुप्रीम कोर्ट ने सिंगूर जमीन अधिग्रहण को बताया गलत, टाटा को बड़ा झटका

दिल्ली: सिंगूर में टाटा की तरफ से नैनो प्लांट लगाने के लिए हुए जमीन अधीग्रहण को सुप्रीम कोर्ट ने गलत ठहराया है। कोर्ट ने कहा कि जमीन अधिग्रहण का फैसला कानून सम्मत नहीं था। सुप्रीम कोर्ट ने तत्कालीन सीपीएम सरकार के फैसले को गलत ठहराते हुए 997 एकड़ जमीन किसानों को वापस करने का आदेश दिया है।

2006 में पश्चिम बंगाल के सिंगूर में टाटा नैनो कार का प्लांट लगाने के लिए जमीन लेने पहुंची थी। जिसके बाद तत्कालीन सीपीएम सरकार ने जमीन अधिग्रहण का आदेश दिया था। जमीन अधिग्रहण के खिलाफ सिंगूर में हिंसा भी हुई। ममता बनर्जी किसानों के पक्ष में थीं और वो भी अधिग्रहण को गलत बता रही थी। किसानों का आरोप था कि सरकार ने जबरन उनकी जमीन का अधिग्रहण किया। इसी पर अधिग्रहण के फैसले को कोर्ट में चुनौती दी गई। जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए कहा सरकार ने अपनी शक्तियों का गलत इस्तेमाल कर प्राइवेट पक्ष को फायदा पहुंचाया।

सुप्रीम कोर्ट ने पश्चिम बंगाल सरकार को निर्देश दिया है कि 12 हफ्तों में जमीन पर कब्जा लेकर इसे 12 हफ्ते के अंदर हकदार किसानों के दी जाए। साथ ही कोर्ट ने कहा कि जिन लोगों ने जमीन के बदले मुआवजा ले लिया है उन्हें उसे वापस नहीं करना होगा। क्योंकि 10 साल तक उन किसानों को अपनी जमीन से दूर रहना पड़ा। और जमीन छिनने से उनकी रोजी रोटी का जरिया भी छिन गया था।

Loading...