ऐसी थी सर्जिकल स्ट्राइक की तैयारी, सभी के मोबाइल फोन स्विच ऑफ, खरीदे गए खास हथियार

ऐसी थी सर्जिकल स्ट्राइक की तैयारी, सभी के मोबाइल फोन स्विच ऑफ, खरीदे गए खास हथियार

नई दिल्ली:  सर्जिकल स्ट्राइक की तैयारी किस तरह से की गई और इसे अंतिम रूप किस तरह से दिया गया ये अबतक राज बना हुआ है। पिछले साल 29 सितंबर 2016 को पीओके में हुए सर्जिकल स्ट्राइक ने पाकिस्तान की नींद उड़ा दी थी। भारत में भी इसके बारे में बेहद ही खास लोगों को जानकारी थी। सेना के कुछ अधिकारी, प्रधानमंत्री, रक्षा मंत्री जैसे लोगों तक ही इसकी जानकारी रखी गई थी। बेहद ही गोपनीय तरीके से इसे अंजाम दिया गया था।

सर्जिकल स्ट्राइक के वक्त रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने उस वक्त की गई तैयारी के बारे में हल्की सी जानकारी दी है। डीबी में छपी रिपोर्ट के मुताबिक शनिवार को एक लिटरेचर प्रोग्राम में मनोहर पर्रिकर ने कहा उस वक्त की तैयारियों के बारे में बताया। उन्होंने कहा फख्र है कि सर्जिकल स्ट्राइक से जुड़ी जानकारियां अबतक बाहर नहीं आई हैं। किसी को इस बात की भी जानकारी नहीं है कि सर्जिकल स्ट्राइक के लिए जरुरी रक्षा उपकरण की खरीद कब, किस तरह से और किसने की। उन्होंने बताया सर्जिकल स्ट्राइक के लिए इक्विपमेंट खरीदने के लिए बड़े अफसरों को विदेश भेजा गया। उन्हें हथियारों की ऑन स्पॉट खरीदारी करने के लिए कहा गया था।

manohar-parrikar-defence-minister

पर्रिकर ने बताया सर्जिकल स्ट्राइक के वक्त सेना और रक्षा मंत्रालय के सीनियर अफसरों के साथ मीटिंग के वक्त मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर 20 मीटर दूर रखवाए जाते थे। ताकि कोई बात लीक ना हो।

सर्जिकल स्ट्राइक के वक्त के हालात के बारे में जब उनसे पूछा गया तो उन्होंने कहा वह वक्त काफी तनाव भरा था। उससे जुड़ी हर बात गुप्त रखी जा रही थी। किसी से कोई चर्चा नहीं करनी थी। हमेशा सोचता था कहीं कुछ गलत हुआ तो क्या होगा, ऐसा सोचकर रातभर नींद नहीं आती थी।

कई बार होता है जब आप चीजें किसी के साथ शेयर नहीं करते तो तनाव बढ़ जाता है। किसी के साथ बात कर लेने से तनाव कम होता है। लेकिन रक्षा के मामले में ऐसा नहीं कर सकते थे। पीओके और म्यांमार सर्जिकल स्ट्राइक में हर बात गुप्त रखी गई थी।

Loading...