चारा घोटाला: चाइबासा ट्रेजरी से अवैध निकासी में लालू यादव समेत 50 दोषी करार

चारा घोटाला: चाइबासा ट्रेजरी से अवैध निकासी में लालू यादव समेत 50 दोषी करार

रांची:  चारा घोटाला के तीसरे केस में भी लालू यादव दोषी करार दिये गए हैं। लालू को चाइबासा ट्रेजरी से अवैध निकासी के मामले में दोषी ठहराया गया है। लालू पर रांची सीबीआई कोर्ट ने फैसला सुनाया है। बिहार के पूर्व सीएम जगन्नाथ मिश्रा को भी दोषी करार दिया गया है। सीबीआई अदालत ने 6 लोगों को बरी कर दिया है। लालू पर 34 करोड़ रुपये के अवैध निकासी का आरोप था। जिसमें कोर्ट ने लालू यादव को दोषी ठहराया है।

चाइबासा ट्रेजरी से अवैध निकासी का मामला 1992-93 का है। जिसमें चाइबासा ट्रेजरी से तकरीबन 34 करोड़ की अवैध निकासी की गई थी। इस मामले में कुल 76 आरोपी थे। जिनमें से सुनवाई के दौरान 14 आरोपियों का निधन हो गया। बाकी बचे 56 आरोपियों में से 50 को दोषी ठहराया गया है। कोर्ट ने 6 लोगों को बरी कर दिया है। इस मामले में लालू समेत बिहार के पूर्व सीएम जगन्नाथ मिश्रा को भी दोषी करार दिया गया है।

लालू पर आए फैसले पर उनके बेटे तेजस्वी यादव ने कहा कि ये अंतिम फैसला नहीं है। उन्होंने कहा कि हम अदालत के फैसले का सम्मान करते हैं। लेकिन ये भी सच है कि लालू जी को इस मामले में फंसाया जा रहा है। तेजस्वी ने कहा कि बिहार की जनता के दिल में लालू जी बसे हैं। नीतीश कुमार ने लालू जी को फंसवाया है। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार और सुशील मोदी 2018 में चुनाव करवाना चाहते हैं। इसलिए वो बार बार दिल्ली भी जाते हैं।

तेजस्वी ने कहा कि ये फैसला सीबीआई अदालत से आया है। इसके बाद अब हम इस फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील करेंगे। तेजस्वी ने इस मामले में राज्यपाल से भी मिलने की बात कही है।

लालू यादव इससे पहले चाईबासा ट्रेजरी के ही एक अन्य मामले में दोषी करार दिये जा चुके हैं और उस मामले में उन्हें 5 साल की सजा भी हो गई है। देवघर ट्रेजरी से अवैध निकासी में भी लालू यादव दोषी करार दिये जा चुके हैं और उन्हें साढ़े तीन साल की सजा हुई है। देवघर ट्रेजरी वाले मामले में लालू को अबतक जमानत नहीं मिली है। वो रांची की जेल में बंद हैं।

चारा घोटाले में लालू के खिलाफ कुल 6 केस हैं। जिनमें से तीन में लालू दोषी करार दिये जा चुके हैं। अभी तीन और मामले में फैसला आना बाकी है।

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