गोड्डा: पशु चोरी के शक पर दो युवकों की पीटकर हत्या, शासन से सियासत के सवाल, Video

गोड्डा/झारखंड:  झारखंड के गोड्डा में बेहद ही हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। जिसमें पशु चोरी के शक पर दो युवकों की पीट पीटकर गांववालों ने निर्ममता से हत्या कर दी। इस मामले में अबतक चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। बुधवार को दिल को दहला देनेवाली ये घटना गोड्डा जिला मुख्यालय के देवदांड थानाक्षेत्र के बनकट्टी गांव की है।

इस घटना में चिरागुद्दीन अंसारी और मुर्तजा अंसारी की ग्रामीणों ने पीट पीटकर हत्या कर दी। जिस वक्त ग्रामीण इनकी जानलेवा पिटाई कर रहे थे तब उन्हीं में से कुछ लोग इस पूरी घटना का वीडियो भी बना रहे थे। गोड्डा जिला कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष दीपिका पांडे सिंह ने इस घटना के वायरल वीडियो को अपने ट्वीटर अकाउंट से शेयर किया है। जिसमें ये साफ सुना जा सकता है कि वीडियो बनाने वाले कह रहे हैं कि इनका वीडियो बनाकर व्हाट्सएप पर डालो।

जिला कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष दीपिका पांडे ने वीडियो शेयर करते हुए लिखा भीड़ ने एकबार फिर हिंसक रूप ले लिया और दो लोगों को बिना किसी जांच के मौत की सजा सुना दी। मवेशी चोर समझकर दो लोगों को भीड़ ने मार डाला। ये झारखंड जहां लोगों के लिए कानून व्यवस्था नाम की चीज नहीं है।


अपने दूसरे ट्वीट में दीपिका पांडे ने लिखा लोग जब चाहें सड़क पर ही सजा सुना देते हैं। अब तो ऐसा लगने लगा है कि राज्य में ना तो सरकार बची है और ना ही कानून का राज। अगर कुछ बचा है तो रघुवरदास सरकार का झूठ और गुंडाराज। जहां भीड़ किसी को भी लिंच कर देती है।


बीबीसी के मुताबिक विपक्ष के इन सवालों पर बीजेपी का कहना है कि इस सांप्रदायिक रंग देना गलत है। मारे गए युवक पशु चोर थे इसलिए गुस्से में आकर लोगों ने उनकी हत्या कर दी।

इस मामले में गोड्डा के एसपी राजीव रंजन सिंह ने बताया मृतकों पर पशु चोर होने का आरोप लगाया गया है। उन्होंने आगे कहा देवडांड और सुंदरपहाड़ी थानाक्षेत्र की सीमा पर बसे ढुलू गांव के मुंशी सोरेन की भैंस चोरी हो गई थी। बुधवार की सुबह बनकट्टी गांव में लोगों ने तीन युवकों को कुछ जानवरों के साथ जाते हुए रोक लिया। जिसके बाद वहां काफी भीड़ जमा हो गई और उनकी पिटाई शुरु कर दी गई। इस बीच वहां से एक युवक भाग निकलने में कामयाब रहा। भीड़ के द्वारा पिटाई की वजह से दोनों की मौत घटनास्थल पर ही हो गई। इस मामले में मुंशी सोरेन समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

पीड़ित परिवार का कहना है कि पशु चोरी का आरोप बेबुनियाद है। एक साजिश के तहत उनकी हत्या की गई है। उनके बेटे को धोखे से गांव में बुलाकर उनकी हत्या की गई। वो पशुचोर नहीं थे वो पशुओं का व्यापार करते थे।

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