Kulnhushan-Jadav

जासूसी के लिए नहीं, पाकिस्तान ने इस वजह से कुलभूषण को सुनाई फांसी

जासूसी के लिए नहीं, पाकिस्तान ने इस वजह से कुलभूषण को सुनाई फांसी

नई दिल्ली: पाकिस्तान में कुलभूषण जाधव को फांसी की सजा देने के बाद से ये सवाल पूछे जा रहे हैं कि इस मामले में पाकिस्तान ने भारत को अंधेरे में क्यों रखा। साथ ही ये भी सवाल किये जा रहे हैं कि कुलभूषण को फांसी की सजा सुनाने में पाकिस्तान ने इतनी जल्दबाजी क्यों दिखाई।

दावा किया जा रहा है कि एक पाकिस्तानी अफसर की गुमशुदगी से जाधव की फांसी का कनेक्शन है। पाकिस्तानी सेना के इस रिटायर्ड अफसर का नाम है कर्नल मुहम्मद हबीब जाहिर। जाधव को फांसी की सजा सुनाने से कुछ दिन पहले ही हबीब जाहिर नेपाल में भारतीय सरहद से कुछ दूरी पर गायब हो गए। उसके बाद से उनका कुछ पता नहीं है। सोशल मीडिया पर ये चर्चा जोरों पर है कि अपने गायब अफसर की वजह से दबाव में आए पाकिस्तान ने आनन-फानन में कुलभूषण को फांसी देने की योजना बनाई।

ये भी पढें :

-मोदी से बोले ऑस्ट्रेलिया के पीएम टर्नबुल, NPT पर बिना दस्तखत के हम देंगे यूरेनियम
-रिलायंस Jio अब भी है मुफ्त का जुगाड़ आ गया है ‘धन धना धन’ प्लान

इंडियन एक्सप्रेस में छपी रिपोर्ट के मुताबिक हबीब पाकिस्तान की उस विशेष टीम का हिस्सा थे जिसने मार्च 2016 में भारतीय नौसेना के पूर्व अफसर कुलभूषण जाधव को अगवा किया था। हबीब को आखिरी बार नेपाल से सटी भारतीय सीमा के पास लुंबिनी में देखा गया था। जिसके बाद दोनों देशों की मीडिया ये कयास लगा रहे हैं कि हबीब की गुमशुदगी और जाधव को फांसी की सजा सुनाए जाने का आपस में ताल्लुक हो सकता है। बताया जा रहा है कि पाकिस्तान को ये जानकारी मिली है कि हबीब भारतीय एजेंसियों की हिरासत में है। जिसके बाद कुलभूणष को जल्दबाजी में फांसी की सजा सुनाई गई।

https://twitter.com/defencepk/status/850809343863869446?ref_src=twsrc%5Etfw&ref_url=http%3A%2F%2Fnavbharattimes.indiatimes.com%2Fworld%2Fpakistan%2Fdisapperance-of-pakistans-army-officer-is-the-reason-why-pakistani-military-court-awarded-death-sentence-to-kulbhushan-jadhav%2Farticleshow%2F58139167.cms

मीडिया रिपोर्ट में ये बात भी सामने आ रही है कि पाकिस्तान ने जाधव को फांसी की सजा इसलिए सुनाई ताकि उसके जरिये भारत पर दबाव बना सके कि हबीब पर की गई कार्रवाई के बारे में भारत सार्वजनिक तौर पर जानकारी दे । जबकि पाकिस्तान का मानना है कि भारत ने पहले ही ये अंदाजा लगा लिया था कि जाधव को फांसी की सजा सुनाई जाएगी। इसलिए पाकिस्तानी अधिकारी हबीब को गिरफ्तार कर लिया। ताकि हबीब के बदले जाधव को लेकर सौदेबाजी कर सके। पाकिस्तानी सरकार की इस सोच के साथ साथ कुछ पाकिस्तानी मीडिया ग्रुप ये दावा भी कर रहे हैं कि भारतीय खुफिया एजेंसी रॉ ने ही हबीब को गायब किया है।

पाकिस्तानी सेना से 2014 में हबीब रिटायर हुए। उसके बाद वो पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई से जुड़ गए। हबीब आईएसआई के खुफिया ऑपरेशन को अंजाम देते थे। पाकिस्तानी मीडिया के मुताबिक 6 अप्रैल के बाद से हबीब के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली है। उसका आखिरी बार अपने परिवार से 6 अप्रैल को दोपहर को संपर्क हुआ था। हबीब लुंबिनी में भारतीय सीमा से तकरीबन 6 किलोमीटर दूर गायब हो गए थे। भारतीय सरहद के पास से गायब होने की वजह से ही पाकिस्तान ये आरोप लगा रहा है कि भारत के खुफिया एजेंसी ने उसके अफसर हबीब को गायब किया है।

Loading...

Leave a Reply